कन्नौज। समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव द्वारा जनेश्वर मिश्र की जयंती पर आयोजित प्रबुद्ध सम्मेलन में दिए गए बयान पर भारतीय जनता पार्टी के नेता एवं कन्नौज के पूर्व सांसद सुब्रत पाठक ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने अखिलेश यादव के कृष्ण-सुदामा और पीडीए में ‘पी’ से पंडित के जिक्र पर निशाना साधते हुए कई राजनीतिक सवाल खड़े किए।
सुब्रत पाठक ने कहा कि “ब्राह्मण केवल सुदामा ही नहीं, बल्कि चाणक्य, चंद्रशेखर आज़ाद और पेशवा बाजीराव भी है। सुदामा और भगवान कृष्ण का संबंध प्राचीन काल से रहा है, लेकिन यदि आप स्वयं को कृष्ण का वंशज मानते हैं तो मथुरा चलिए और भगवान श्रीकृष्ण की जन्मभूमि को कलंक से मुक्त कराने की शुरुआत कीजिए।”
उन्होंने आगे कहा, “यदि अखिलेश यादव कृष्ण जन्मभूमि का मुद्दा उठाते हैं तो हम सब उनके साथ खड़े होंगे।”
पीडीए की राजनीति पर टिप्पणी करते हुए भाजपा नेता ने कहा कि “‘पी’ से पंडित कहें या ‘पी’ से पिछड़ा, लेकिन आपके लिए ‘पी’ का मतलब केवल परिवार है। उस परिवार में भी चाचा शिवपाल की जगह सिर्फ अर्जुन यादव का नंबर आना तय है।”
पूर्व सांसद का यह बयान ऐसे समय आया है जब प्रदेश की राजनीति में 2027 विधानसभा चुनाव को लेकर सियासी बयानबाजी लगातार तेज होती जा रही है। अब इस बयान पर समाजवादी पार्टी की ओर से प्रतिक्रिया का इंतजार है।









