UP Panchayat Election 2026: उत्तर प्रदेश में पंचायत चुनाव 2026 को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। इसी बीच राज्य सरकार के पंचायती राज मंत्री ओमप्रकाश राजभर ने स्पष्ट किया है कि पंचायत चुनाव निर्धारित समय पर ही कराए जाएंगे और चुनाव को लेकर किसी तरह के भ्रम की स्थिति पैदा करने की आवश्यकता नहीं है। उन्होंने कहा कि सरकार और संबंधित विभाग चुनाव प्रक्रिया को समयसीमा के भीतर पूरा करने के लिए पूरी तरह तैयार हैं।
जौनपुर दौरे के दौरान मीडिया से बातचीत करते हुए ओमप्रकाश राजभर ने कहा कि प्रदेश में पंचायत चुनाव को लेकर देरी की आशंकाएं निराधार हैं। उन्होंने बताया कि बोर्ड परीक्षाओं, जनगणना और सामाजिक व आर्थिक सर्वेक्षण (SIR) जैसी प्रक्रियाओं के कारण लोगों में भ्रम की स्थिति बनी है, लेकिन इन सबके बावजूद चुनाव अपने तय कार्यक्रम के अनुसार ही संपन्न कराए जाएंगे।
इस दौरान राजभर ने समाजवादी पार्टी और उसके नेतृत्व पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव द्वारा पेश किया गया पीडीए (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) समीकरण कमजोर हुआ है और “असली पीडीए” का प्रतिनिधित्व उनकी राजनीतिक धारा करती है। साथ ही उन्होंने यह भी टिप्पणी की कि समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष पद पर शिवपाल यादव का अधिकार होना चाहिए था, न कि अखिलेश यादव का। इससे सपा के भीतर नेतृत्व को लेकर चल रही खींचतान पर भी उन्होंने अप्रत्यक्ष रूप से सवाल उठाए।
पंचायत चुनाव की तैयारियों के मद्देनज़र राज्य निर्वाचन आयोग ने भी जिला निर्वाचन अधिकारियों को निर्देश जारी किए हैं। आयोग ने कहा है कि जिलास्तर पर मतदाता सूची और अन्य सूचनाओं में किसी भी प्रकार की विसंगतियों को शीघ्र दूर किया जाए, ताकि चुनाव प्रक्रिया समय पर शुरू की जा सके। इन निर्देशों के बाद प्रशासनिक और राजनीतिक स्तर पर गतिविधियां और तेज हो गई हैं।
सूत्रों के अनुसार, उत्तर प्रदेश में पंचायत चुनाव अप्रैल–मई के दौरान कराए जाने की संभावना जताई जा रही है। निर्वाचन आयोग तैयारियों को अंतिम रूप देने में जुटा है, जबकि राजनीतिक दल जमीनी स्तर पर अपनी रणनीति मजबूत करने में लगे हैं। ऐसे में आने वाले समय में पंचायत चुनाव को लेकर और स्पष्टता सामने आने की उम्मीद है।











